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Dainik Vishwamitra

गुरुवार ३ अप्रैल

तृणमूल का हर साल पांच लाख नौकरी देने का वादा



कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री एवं तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी ने बुधवार को पार्टी घोषणापत्र जारी किया तथा लोगों को हर साल पांच लाख रोजगार देने का साथ में प्रमुखता से वादा भी किया।
सुश्री बनर्जी ने अपनी पार्टी की घोषणापत्र जारी करते हुए कहा कि तृणमलू नये लोगोें को रोजगार मुहैय्या कराकर बेरीजगारी की समस्या का भी समाधान कर रही है। उन्होंने कहा,“ मां , माटी और मानुस हमारी घोषणापत्र के मूलतत्व हैं।”
सुश्री बनर्जी ने कहा,“मैंने विनम्रतापूर्वक अपने 10’ ओंगिकारों को मजबूत और अधिक समृद्ध बंगाल बनाने के लिए प्रस्तुत किया है ताकि विकास के पहिये हमारी सरकार के तीसरे कार्यकाल में आगे बढ़ते रहें।”
सुश्री बनर्जी कहती हैं अब उनका केवल एक लक्ष्य रह गया है कि कैसे वह बंगाल को देश के क्षेष्ठ राज्य के तौर शुमार करा सकें। उन्होंने घोषणापत्र की ओर इशारा करती हुयीं बोलीं यह कोई राजनीतिक नहीं बल्कि विकास जनित घोषणापत्र। यह लोगों का, लोगों के लिए तथा लोगोें के द्वारा तैयार घोषणापत्र है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि द्वारे सरकार कार्यक्रम साल में चार महीनों के अंतराल पर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके अलावा राशन कॉर्ड धारी को उनके घर पर राशन मुहैया कराया जाएगा। तृणमूल प्रमुख ने दावा किया कि हमने राज्य में गरीबी करीब 40 फीसदी घटायी है। सुश्री बनर्जी ने कहा कि उनकी सरकार पश्चिम बंगाल में 10 लाख एमएसएमआई इकाइयों की स्थापना करेगी।
सुश्री बनर्जी ने कहा,“हम बंगाल में क्रमश: सामान्य वर्ग और पिछड़े समुदाय के लोगों के लिए क्रमश: 6,000 रुपये और 12,000 रुपये की न्यूनतम वार्षिक आय सुनिश्चित करेंगे।”
उन्होंने कहा कि घोषणापत्र में दस वादे किये गये हैं जिन्हें पूरा करने के लिए हरसंभव काेशिश की जाएगी। उन्होंने कहा कि पहली बार 1.68 घरों की महिला प्रमुखों को पहली बार आधारभूत आय समर्थन योजना का लाभ मिलेगा जबकि छात्रों को छात्र क्रेडिट कॉर्ड के सहारे 10 लाख तक के ऋण महज चार फीसदी ब्याज दर पर उपलब्ध होंगे।
उन्होंने कहा कि जब तृणमूल सत्ता में आया था तो इसके पास राजस्व मद में 25,000 करोड़ रुपये थे जो अब बढ़कर 75,000 हजार करोड़ के पार निकल गया है।
उन्होंने कहा कि यह घोषणापत्र कोई राजनीतिक दस्तावेज नहीं है बल्कि विकास का दरवाजा खोलने का पिटारा है।


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