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गुरुवार ३ अप्रैल

प्रधानमंत्री ने ‘सरयू नहर राष्ट्रीय परियोजना’ राष्ट्र को समर्पित की



बलरामपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को उत्तर प्रदेश के बलरामपुर में राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में ‘सरयू नहर राष्ट्रीय परियोजना’ राष्ट्र को समर्पित की।
प्रधानमंत्री मोदी ने यहां आयोजित एक समारोह में दोपहर लगभग डेढ़ बजे रिमोट कंट्रोल से इस परियोजना का शुभारंभ किया। इस अवसर पर योगी के अलावा उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत, उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और राज्य के जलशक्ति मंत्री डा महेन्द्र सिंह सहित अन्य मंत्री एवं वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
इस मौके पर आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुये योगी ने कहा, “पूर्वी उत्तर प्रदेश आजादी के बाद से लगातार उपेक्षित था इसलिए यहां गरीबी और पिछड़ापन था। लेकिन यहां के अभिशाप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने लोगों को आजादी दिलाई है।”
इससे पहले केंद्रीय मंत्री शेखावत ने कहा कि 40 साल से सरयू नहर परियोजना लंबित थी। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने ये तय किया था कि जो भी परियोजनाएं लंबित हैं उन्हें पूरा कर किसानों के जीवन में खुशहाली लाना है। ऐसे ही बाण सागर परियोजना दशकों से लंबित थी जो पूरी हुई।
उल्लेखनीय है कि इस परियोजना में इलाके की पांच नदियों, घाघरा, सरयू, राप्ती, बाणगंगा और रोहिणी को आपस में जोड़ा गया है। इससे बलरामपुर क्षेत्र की लगभग 14 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि की सिंचाई के लिये पानी की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। जिससे पूर्वी उत्तर प्रदेश के नौ जिलों बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोण्डा, सिद्धार्थनगर, बस्ती, संत कबीर नगर, गोरखपुर और महाराजगंज के 6200 से अधिक गांवों के लगभग 29 लाख किसानों को लाभ मिलेगा।
सरकार का दावा है कि करीब चार दशकों से लंबित परियोजना को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार की पहल पर चार सालों में पूरा किया गया है।


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