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Dainik Vishwamitra

गुरुवार ३ अप्रैल

संदीप-अभिजीत की जमानत का विरोध, कल से धर्मतला में धरने पर बैठेंगे सीनियर डॉक्टर




आर जी कर कांड की जांच की धीमी गति को लेकर असंतोष बढ़ रहा है। पिछले शुक्रवार आर जी कर अस्पताल के तत्कालीन प्राचार्य संदीप घोष और टाला थाने के पूर्व ओसी अभिजीत मंडल को जमानत मिलने के बाद यह असंतोष और गहरा गया। अब इस जमानत के विरोध में और सीबीआई से सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल करने की मांग को लेकर 'वेस्ट बंगाल ज्वाइंट प्लेटफॉर्म ऑफ डॉक्टर्स' धर्मतला में धरने पर बैठने जा रहा है। 17 से 26 दिसंबर के बीच धर्मतला के डोरिना क्रॉसिंग पर अस्थायी विरोध मंच बनाने की योजना है। इसके लिए संगठन के सदस्यों ने कोलकाता पुलिस कमिश्नर मनोज वर्मा को ईमेल के जरिए अनुमति मांगी है। यदि पुलिस से अनुमति नहीं मिलती, तो संगठन ने अदालत का रुख करने की भी बात कही है।

रविवार को संगठन के सदस्यों ने अभया को न्याय दिलाने की मांग के साथ धर्मतला में धरना मंच तैयार कर विरोध प्रदर्शन में शामिल होने का आह्वान किया। डॉक्टरों का कहना है कि संदीप घोष और अभिजीत मंडल के खिलाफ घटना में शामिल होने के पर्याप्त सबूत हैं। इसके बावजूद उन्हें रिहा क्यों किया गया? उनका आरोप है कि राज्य सरकार इनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल करने की अनुमति नहीं दे रही है। इसी विरोध के तहत आगामी दिनों में यह धरना आयोजित किया जा रहा है।

पिछले 9 अगस्त को आर जी कर अस्पताल में एक युवा डॉक्टर के साथ हुए बलात्कार और हत्या के लगभग एक महीने बाद, सबूत छिपाने के आरोप में टाला थाने के तत्कालीन ओसी अभिजीत मंडल को गिरफ्तार किया गया था। बाद में तत्कालीन प्राचार्य संदीप घोष को भी गिरफ्तार किया गया। हालांकि, घटना की जांच के बावजूद 90 दिनों के भीतर उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल नहीं करने के कारण 13 दिसंबर को शियालदह अदालत ने उन्हें जमानत दे दी। इसके चलते डॉक्टरों में आक्रोश फैल गया। डॉक्टरों का दावा है कि सीबीआई की इस जांच में पारदर्शिता नहीं है और यह सत्य के मार्ग पर नहीं चल रही है। इसी कारण उन्होंने नई रणनीति के साथ सड़क पर उतरने और नए कार्यक्रम शुरू करने का फैसला किया है। 'ज्वाइंट प्लेटफॉर्म ऑफ डॉक्टर्स' का यह धरना उसी का हिस्सा है।


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