नयी दिल्ली 26 फरवरी महाशिवरात्रि के मौके पर राष्ट्रीय राजधानी के सोनिया विहार वाटर स्पोर्ट्स क्लब में यमुना नदी के तट पर ‘हमारा राग, हमारा अनुराग...यमुना मैया के साथ खेले फाग’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें नयी दिल्ली की सांसद बांसुरी स्वराज शामिल हुयीं।
बुधवार को यमुना संसद की तरफ से आयोजित कार्यक्रम में यमुना नदी को अविरल और निर्मल करने का संकल्प लिया। इस मौके पर यमुना भक्तों ने फूलों की होली खेली और ब्रज के कलाकारों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम स्थल पर फाइन आर्ट्स के छात्रों ने लाइव पेंटिंग की और सेंड आर्ट के जरिए यमुना की अतीत से भविष्य की यात्रा को जीवंत किया। यमुना नदी को अविरल और निर्मल बनाने के लिए पूजन करने के साथ यमुना आरती और यमुना जी को चुनरी चढ़ाई गई। इस मौके पर सुश्री स्वराज के अलावा विधायक राज कुमार भाटिया, सर्वश्री मोहन सिंह बिष्ट, अनिल गोयल, पूनम शर्मा समेत काफी संख्या में लोग मौजूद रहे।
इससे पहले आज अपराह्न 12 बजे शंखनाद के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद पूजन, हवन और यमुना नदी की आरती की गई। साथ में यमुना प्रेमियों ने यमुना संग फूलों की होली समारोह का आयोजन किया गया है। इस मौके पर ब्रज के लोक कलाकारों ने मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश किया गया।
यमुना संसद के संयोजक रविशंकर तिवारी ने कहा, “हमारा मकसद यमुना के शुद्धिकरण में समाज की सहभागिता सुनिश्चित करनी है। समाज और सरकार के साथ-साथ आने से ही यमुना साफ होगी।”
वहीं, सुश्री स्वराज ने कहा, “हमारी सरकार की प्राथमिकता में यमुना जी को स्वच्छ करने का है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में हम सब इस काम में कामयाब भी होंगे।”
श्री भाटिया ने कहा कि दिल्ली सरकार ने इस दिशा में काम भी शुरू कर दिया है। जल्द ही इसकी विस्तृत कार्ययोजना दिल्ली वालों के सामने होगी।
बुधवार को यमुना संसद की तरफ से आयोजित कार्यक्रम में यमुना नदी को अविरल और निर्मल करने का संकल्प लिया। इस मौके पर यमुना भक्तों ने फूलों की होली खेली और ब्रज के कलाकारों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।
सद्गुरु के कोयंबटूर स्थित ईशा फाउंडेशन में प्रतिवर्ष की तरह इस बार भी महाशिवरात्रि के अवसर पर विशेष समारोह का आयोजन किया गया है। यहां उत्सव महाशिवरात्रि की शाम से शुरू होता है और सुबह तक चलता है।केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने के लिए वहां पहुंचे हैं।
बीकेटीसी मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल ने बताया कि कपाट खुलने की तिथि तय होने के साथ ही भगवान केदारनाथ की पंचमुखी डोली के श्री केदारनाथ धाम प्रस्थान का कार्यक्रम भी घोषित हो गया। जिसके अनुसार, 27 अप्रैल को भगवान भैरवनाथ जी की पूजा-अर्चना होगी।