सैन फ्रांसिस्को, 08 नवंबर अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग 15 नवंबर को सैन फ्रांसिस्को में द्विपक्षीय बैठक आयोजित करने की योजना बना रहे हैं।
जापानी न्यूज एजेंसी क्योडो ने बुधवार को अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से अपनी रिपोर्ट में यह जानकारी दी है।
अधिकारी ने एजेंसी को बताया कि दोनों नेता एशिया-प्रशांत आर्थिक सहयोग (एपीईसी) के वित्त मंत्रियों की बैठक से इतर मुलाकात की योजना बना रहे हैं। चीन ने हालाँकि अभी तक शिखर सम्मेलन में शी की भागीदारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
उल्लेखनीय है कि गत सप्ताह व्हाइट हाउस की उप प्रेस सचिव एमिली सिमंस ने कहा था कि अमेरिका और चीन सैद्धांतिक रूप से सैन फ्रांसिस्को में एपेक शिखर सम्मेलन के इतर श्री बाइडेन और श्री जिनपिंग के बीच एक बैठक आयोजित करने पर सहमत हुए हैं।
वॉशिंगटन/नई दिल्ली – अमेरिका की संघीय सरकार द्वारा गठित यूएस कमीशन ऑन इंटरनेशनल रिलीजियस फ्रीडम (USCIRF) ने भारतीय खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (RAW) पर प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की है। मंगलवार को जारी अपनी वार्षिक रिपोर्ट में आयोग ने आरोप लगाया कि भारतीय खुफिया एजेंसी का संबंध सिख अलगाववादियों की हत्या की साजिशों से है। रिपोर्ट में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी पार्टी भाजपा का भी जिक्र किया गया है।
ढाका: बांग्लादेश की राजधानी ढाका को बदलने की मांग लगातार जोर पकड़ रही है। बढ़ती जनसंख्या, अव्यवस्थित शहरीकरण, ट्रैफिक जाम और बुनियादी सुविधाओं की कमी ने लोगों का जीना दुश्वार कर दिया है। स्थानीय नागरिकों और विशेषज्ञों का मानना है कि वर्तमान परिस्थितियों में ढाका अब रहने योग्य नहीं रह गया है और देश को एक नई राजधानी की आवश्यकता है।
इस्लामाबाद। पाकिस्तान को एक और बड़ी कूटनीतिक शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा है। तुर्कमेनिस्तान में पाकिस्तान के राजदूत के.के. अहसान वगान को अमेरिका में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई और उन्हें एयरपोर्ट से ही डिपोर्ट कर दिया गया। पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वगान लॉस एंजेलिस की निजी यात्रा पर थे, लेकिन अमेरिकी अधिकारियों ने इमिग्रेशन नियमों का हवाला देते हुए उन्हें देश में दाखिल होने से रोक दिया।